चंडीगढ़, 2 जुलाई। ऑल इंडिया ईएसआईसी नर्सिंग ऑफिसर्स फेडरेशन (AIESICNOF) ने वर्ष 2026 के वार्षिक सामान्य स्थानांतरण (AGT-2026) के तहत जारी किए गए अनिवार्य तबादलों का कड़ा विरोध करते हुए देशव्यापी आंदोलन की घोषणा की है। फेडरेशन का आरोप है कि स्थानांतरण प्रक्रिया बिना किसी पारदर्शी नीति, स्पष्ट मानदंड एवं प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन किए बिना लागू की गई है, जिससे देशभर के नर्सिंग अधिकारियों में भारी असंतोष व्याप्त है।
फेडरेशन का कहना है कि बड़ी संख्या में महिला नर्सिंग अधिकारियों को उनके परिवार, बच्चों की शिक्षा, जीवनसाथी की नौकरी तथा अन्य मानवीय परिस्थितियों की अनदेखी करते हुए दूर-दराज़ क्षेत्रों में स्थानांतरित किया गया है। संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि पूर्व में केवल अनुरोध (Request) के आधार पर स्थानांतरण किए जाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन उसे भी पूरा नहीं किया गया।
फेडरेशन द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार 16 से 18 जुलाई तक पूरे देश में काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। 20 जुलाई को जंतर-मंतर, नई दिल्ली सहित सभी ईएसआईसी संस्थानों में प्रदर्शन होगा तथा श्रम शक्ति भवन तक शांतिपूर्ण मार्च निकाला जाएगा। इसके बाद 21 जुलाई को सामूहिक आकस्मिक अवकाश (Mass Casual Leave) तथा मांगें पूरी न होने की स्थिति में 22 जुलाई, 2026 से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी। फेडरेशन ने केंद्र सरकार और ईएसआईसी प्रशासन से शीघ्र हस्तक्षेप कर स्थानांतरण आदेश वापस लेने तथा नर्सिंग अधिकारियों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की है।
20 जुलाई को विरोध प्रदर्शन, 21 जुलाई को सामूहिक अवकाश तथा 22 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल
ऑल इंडिया ईएसआईसी नर्सिंग ऑफिसर्स फेडरेशन ने AGT-2026 के तहत हुए अनिवार्य तबादलों को मनमाना एवं गैर-पारदर्शी बताते हुए देशव्यापी आंदोलन की घोषणा की है। फेडरेशन ने स्थानांतरण आदेश वापस लेने और नई स्थानांतरण नीति लागू करने की मांग की है। मांगें पूरी न होने पर 16–18 जुलाई तक काला बैज प्रदर्शन, 20 जुलाई को विरोध प्रदर्शन, 21 जुलाई को सामूहिक आकस्मिक अवकाश तथा 22 जुलाई, 2026 से अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी।
यह जानकारी जारी एक विज्ञप्ति में दी गई।
