चंडीगढ़, 1 फरवरी। हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष धुमन सिंह किरमच ने कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी अंतरराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव को धूमधाम से मनाया जाएगा। इस महोत्सव का आयोजन आदि बद्री उदगम स्थल, चंडीगढ़, कैथल और पिहोवा में 3 से 5 फरवरी तक किया जाएगा। उन्होंने बताया कि 5 फरवरी को बंसत पंचमी के पावन पर्व पर पिहोवा सरस्वती तीर्थ के पावन स्थल पर सरस्वती आरती से महोत्सव का समापन होगा।
उन्होंने बताया कि हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड के अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री मनोहर लाल के मार्गदर्शन में परम्परा अनुसार अंतरराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इस महोत्सव का शुभारंभ 3 फरवरी को प्रात: 11 बजे आदि बद्री उदगम स्थल पर पूजा-अर्चना के साथ शुरु होगा। इसी दिन सुबह 11.30 बजे सरस्वती कुंड पर हवन यज्ञ होगा और दोपहर 12.30 बजे सरस्वती वंदना और आरती का आयोजन किया जाएगा, दोपहर 1.15 मिनट पर आदि बद्री एवं केदारनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना होगी और इसके बाद भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि 4 फरवरी को सरस्वती नदी पर पंजाब विश्वविद्यालय चंडीगढ़ में अंतर्राष्टï्रीय सरस्वती सम्मेलन का आयोजन वर्चुअल रुप से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 5 फरवरी को सुबह 11 बजे कैथल के पोलड़ तीर्थ पर हवन यज्ञ होगा और दोपहर 12 बजे बंसत पंचमी के पावन पर्व पर सरस्वती वंदना और भजन कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इसी प्रकार 5 फरवरी को ही पिहोवा सरस्वती तीर्थ स्थल पर समापन समारोह का आयोजन होगा जिसमें प्रात: 11.30 बजे से लेकर 12.30 बजे तक पिहोवा सरस्वती तीर्थ पर हवन यज्ञ का आयोजन होगा।
