चन्नी कांग्रेस हाईकमान के गुलाम, दलितों की रक्षा क्या करेंगे: गढ़ी

चन्नी कांग्रेस हाईकमान के गुलाम, दलितों की रक्षा क्या करेंगे: गढ़ी
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चंडीगढ़, 25 जनवरी। पंजाब बसपा प्रधान जसबीर सिंह गढ़ी ने मंगलवार को पंजाब के मुख्यमंत्री सरदार चरणजीत सिंह चन्नी पर बड़ा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी की तरफ से दलितों को बदनाम व गुमराह करने का दूसरा नाम चरणजीत सिंह चन्नी है जो हर रोज अपने आप को गरीब व आम आदमी होने का नाटक करके दलित लोगों को अपने पीछे लगाने की कोशिश में रहता है।
उन्होंने कहा कि करोड़ों की संपत्ति का मालिक एक गरीब और आम आदमी कैसे हो सकता है, उन्होंने कहा कि अकाली बसपा समझौते से बौखलाहट में आकर कांग्रेस हाईकमान ने चरणजीत सिंह चन्नी को मुख्यमंत्री बनाकर दलित भाईचारे को अपनी ओर खींचने की असफल कोशिश की है ।
पर यह भाईचारा सूझ बूझ वाला है जो कांग्रेस की सभी चालों को समझ रहा है उन्होंने बताया कि चन्नी रोज अपने आपको आम आदमी बताकर कभी टेंट लगाने वाला कभी गुड़ निकालने वाला कभी रिक्शा चलाने वाला बता रहे हैं पर वह जवाब दें की इतने साल सत्ता भोगने वाले जब वह मंत्री पद पर आसीन रहते वक्त उन को दलितों की याद क्यों नहीं आई उन्होंने कहा कि चन्नी की तरफ से इस ड्रामे को सिर्फ दलित वोट बैंक हासिल करने के लिए किया जा रहा है उन्होंने कहा कि सरदार चन्नी ने अपने 111 दिनों में मुख्यमंत्री के कार्यकाल के दौरान 36000 मुलाजिमों को पक्का करने ,गरीब लोगों को पांच-पांच मरले के प्लाट देने ,लाल डोरे की रजिस्ट्री करवाने, कई यूनिवर्सिटी में चेयर स्थापित कराने ,अंबेडकर नाम से अजायबघर स्थापित करने ,आदमपुर एयरपोर्ट को गुरु रविदास जी के नाम पर व चार मार्गी सड़क गुरु रविदास जी के नाम पर बनाने व धार्मिक स्थानों के लिए करोड़ों रुपए के ऐलान की है जो सिर्फ ऐलान बनकर रह गया हैं। सरदार गढ़ी ने चरणजीत सिंह चन्नी पर उनके भांजे के घर मिली करोड़ो की राशि का हिसाब देने की मांग की करते हुए कहा कि अगर यदि चन्नी साहब गरीब है तो करोड़ों रुपए उनके पास से कहां से आए वह बता दें पंजाब आज उनसे यह सवाल कर रहा है सरदार गढ़ी ने कहा कि सिख भाईचारे में बदनाम दलित को डीजीपी लगाने भी कांग्रेस का पंजाब में भी दलितों को आपसी झगड़ा लगाने करवाने की साजिश थी इसके तहत उच्च अधिकारी रहते हुए निर्दोष अमृतधारी सिखों को बेअदबी के केसों में थर्ड डिग्री अत्याचार किया वह जो कि बाद में कोर्ट में निर्दोष साबित हुए।

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